कैबिनेट में स्वीकृति के लिए भेजा क्योंटी सोलर पावर प्लांट का प्रस्ताव

रीवा

भारत न्यूज़ लाइव 24 हर खबर  आप तक                              ( M.P. क्राइम हेड) धीरेंद्र पांडेय सीधी

रीवा जिले के गुढ़ की पहाड़ियों में स्थापित हुए अल्ट्रा मेगा 

सोलर प्लांट की सफलता के बाद जिले के कई इलाकों में सोलर पावर प्लांट स्थापित करने की कवायद चालू हो गई है। गौरतलब है कि पिछले एक साल से नवीन एवं नवकरणीय ऊर्जा विभाग रीवा क्योंटी में 350मेगावाट यूनिट जनरेट करने वाला सोलर प्लांट स्थापित करना चाह रहा है। जिसके लिए जियोग्राफिकल सर्वे तो पूरा हो गया है अब प्रस्ताव कैबिनेट के लिए भेजा गया है। ऐसा अनुमान लगाया गया है कि कैबिनेट से इस प्रस्ताव को मंजूरी मिल जाएगी और क्योंटी की बंजर जमीन में भी सौर किरणें बिजली की फसल बोएंगी।

वन और निजी भूमि को करना होगा अधिग्रहण

क्योंटी में नवीन एवं नवकरणीय ऊर्जा विकास विभाग ने 350 मेगावाट क्षमता का सोलर पावर प्लांट लगाने के लिए 728.361 हेक्टेयर भूमि को चिन्हित किया है। खास बात यह है कि यह भूमि कृषि में इस्तेमाल नहीं की जाती। हालांकि 17.603 हेक्टेयर जमीन वन विभाग के अधीन आती है और थोड़ा बहुत जमीन जो निजी हाथों में हैउसे भी अधिग्रहीत करना है। विभाग द्वारा कैबिनेट को स्वीकृति के लिए प्रस्ताव भेजा गया है। इसी के साथ भूमि अधिग्रहण संबंधी दस्तावेज भी तैयार किए गए हैं।

स्थापित होंगी दो इकाइयां

प्राप्त जानकारी के मुताबिक क्योंटी में जो पावर प्लांट स्थापित होगा वह दो इकाइयों में विभाजित किया जाएगा। एक हिस्सा 346.87 हेक्टेयर जमीन में स्थापित होगा और दूसरा 358.42 हेक्टेयर भूमि में। बताया गया है कि एक इकाई 2सौ मेगावाट बिजली उत्पादित करेगी और दूसरी 150 मेगावाट । जब क्योंटी का सोलर प्लांट पूरी तरह से स्थापित हो जाएगा तब रीवा जिले से 11सौ मेगावाट बिजली का उत्पादन होगा।

अन्य जगहों में भी तलाशी जा रही जमीन

सिर्फ गुढ़ और क्योंटी में सोलर प्लांट स्थापित करके विभाग फुर्सत नहीं बैठ रहा। बल्कि रीवा को पूरी तरह से सोलर एनर्जी का हब बनाए जाने की तैयारी चल रही है। विभाग द्वारा डभौरामऊगंज सहित ऐसे इलाकों में जमीन की तलाश की जा रही हैजहां की भूमि कृषि के इस्तेमाल में न आती हो बल्कि वह बंजर हो।