गोण्डा : इटियाथोक के हर्रैया झुमन का यह मॉडल प्राथमिक विद्यालय अब कांन्वेंट स्कूलों पर पड़ रहा भारी, प्रधान ने बदली स्कूल की सूरत, विकास कुमार श्रीवास्तव (गोंडा ब्यूरो चीफ) इटियाथोक के हर्रैया झुमन का यह मॉडल प्राथमिक विद्यालय कांन्वेंट स्कूलों पर भारी पड़ रहा है। ग्राम प्रधान के अथक प्रयास से इ - BHARAT NEWS LIVE 24

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Thursday, 6 December 2018

गोण्डा : इटियाथोक के हर्रैया झुमन का यह मॉडल प्राथमिक विद्यालय अब कांन्वेंट स्कूलों पर पड़ रहा भारी, प्रधान ने बदली स्कूल की सूरत, विकास कुमार श्रीवास्तव (गोंडा ब्यूरो चीफ) इटियाथोक के हर्रैया झुमन का यह मॉडल प्राथमिक विद्यालय कांन्वेंट स्कूलों पर भारी पड़ रहा है। ग्राम प्रधान के अथक प्रयास से इ

गोण्डा : इटियाथोक के हर्रैया झुमन का यह मॉडल प्राथमिक विद्यालय अब कांन्वेंट स्कूलों पर पड़ रहा भारी, प्रधान ने बदली स्कूल की सूरत,

विकास कुमार श्रीवास्तव (गोंडा ब्यूरो चीफ)

इटियाथोक के हर्रैया झुमन का यह मॉडल प्राथमिक विद्यालय कांन्वेंट स्कूलों पर भारी पड़ रहा है। ग्राम प्रधान के अथक प्रयास से इस प्राथमिक विद्यालय की बदली सूरत उत्कृष्ट शिक्षा की पहचान बना लिया है। जिसका रखरखाव, शैक्षिकीय सुविधा अभिभावकों व छात्राओं का मन लुभा रहा है।

कौन कहता है आसमां में सुराख नहीं हो सकता, एक पत्थर तो तबियत से उछालो यारों...... यह पंक्तियाँ इटियाथोक ब्लाक के हर्रैया झुमन के ग्राम प्रधान सहजराम तिवारी पर सटीक बैठती है। जिन्होंने इस प्राथमिक विद्यालय को काफी प्रयास के बाद इसे मॉडल प्रायमरी स्कूल कराने में सफलता प्राप्त की। बताया जा रहा है कि इस गांव में काफी पुराना एक प्राथमिक विद्द्यालय रहा है। जो जीर्ण शीर्ण अवस्था में रहे इस विद्द्यालय भवन, परिसर आदि में तमाम कमियां रही है। अपने उत्कृष्ट कार्यो के लिए कई बार सम्मानित हुए यहाँ के चर्चित ग्राम प्रधान सहजराम तिवारी ने इस विद्यालय के कायाकल्प की मन मे ठान ली।

वह इस विद्द्यालय को नया रूप देने के लिए अवसर की तलाशने लगे। आखिरकार! गांव में उत्कृष्ट शिक्षा व्यवस्था को भव्य रूप देने का यह प्रयास रंग लाया। ग्राम प्रधान श्री तिवारी का विद्यालय के प्रति काफी मशक्कत व प्रयास वर्ष 2018 के शिक्षण सत्र आरम्भ में यह विद्द्यालय अंग्रेजी माध्यम में चयनित हो गया। यही नही बल्कि सरकार की कायाकल्प योजना भी इसी बीच लागू हो गई। फिर क्या, ग्राम प्रधान को अपना हुनर दिखाने का शुभ अवसर मिल गया। इन्होंने इस विद्द्यालय को महज कुछ माह में ऐसा बना दिया की अब इसे देखकर लोग अचंभित हो रहे है। यहाँ जो व्यवस्थाये अब उपलब्ध है वह आपको मार्डन स्कूल में ही दिखाई पड़ते होंगे। क्षेत्र के जितने भी लोग यहाँ आये वे प्रशंसा किए बिना नही रह पाये।

ब्लाकक्षेत्र के चर्चित विद्द्यालय भीखमपुरवा के प्रधानाध्यापक मनोज मिश्रा इस स्कूल में आए। उन्होंने कहा कि साफ- सफाई और बच्चों को प्रकृति से जोड़े रखने के लिए क्या किया जा सकता है, वह इस स्कूल से सीखा जा सकता है। प्रभारी बीडीओ इटियाथोक बिकास मिश्र ने कहा की इस स्कूल में किसी भी तरह से कोई भी कमी नही है एवं यहां का माहौल अद्भुत और अप्रतिम है।एडीओ पंचायत फूलचंद्र श्रीवास्तव ने कहा की यहां बच्चों को संस्कारित किया जा रहा है और यहाँ प्रकृति की कद्र करने की शिक्षा दी जा रही है। समाज सेवी दामोदर प्रसाद पाण्डेय ने कहा की विभिन्न विषयो के साथ बच्चों को नैतिक शिक्षा एवं खेल की शिक्षा भी मिल रही है जो सराहनीय है। खंड शिक्षा अधिकारी इटियाथोक रामराज ने कहा विद्द्यालय के शिक्षक अपने कार्यो को मेहनत और ईमानदारी से कर रहे है जो ख़ुशी की बात है। ग्राम प्रधान और प्रधानाध्यापक की प्रसंशा करते हुए कहा की इनके बेहतर कार्यो से इटियाथोक ब्लाक का नाम ऊँचा हो रहा है जो हम सभी के लिए गौरव की बात है।

स्कूल में बहुत कुछ है खाश और अलग
यह स्कूल अपने विभिन्न मूलभूत भौतिक सुविधाओं से सम्पन्न होकर किसी भी कान्वेंट स्कूल को चुनौती दे रहा है। प्रधान के सद्प्रयासों से आज यह विद्यालय अत्यंत सुसज्जित व आकर्षक दिख रहा है। बतादे कि प्राथमिक विद्यालय हर्रैया झूमन सत्र 2017-18 में बेसिक शिक्षा विभाग द्वारा मॉडल स्कूल घोषित हुआ। तभी से ग्राम प्रधान ने स्कूल को केवल कागज में ही नही अपितु धरातल पर मॉडल बनाने का पूर्ण निश्चय किया। टाटपट्टी पर बैठेने वाले बच्चों को सर्वप्रथम प्रधान ने 50 सेट डेस्क बेंच का तोहफा दिया। उनका मानना है कि जब स्कूल अंग्रेजी माध्यम का हो चुका है तो सुविधाएं भी यहाँ अच्छी होनी चाहिये। अंग्रेजी स्कूल में चयन के बाद यहाँ शिक्षक सुभाष शुक्ल, राजकुमार, उधौराम गुप्ता व अशोक मौर्य की नियुक्ति हुई। शिक्षक सुभाष शुक्ल ने स्कूल के लिये जरुरी वस्तुओं की सूची बनाई और ग्राम प्रधान हाजिर करने में लग गए।

भौतिक सुंदरता के साथ साथ विद्यालय में गुणवत्ता पूर्ण शिक्षा देने का प्रयास शिक्षको द्वारा किया जा रहा है। शिक्षक सुभाष शुक्ल ने बताया कि सभी विषयों का अध्यापन समय सारिणी के अनुसार किया जाता है। बच्चों की सुविधा हेतु स्कूल बैंक की व्यवस्था हुई है। जिससे छात्रों को उनके जरूरत के अनुसार वस्तुओं को उपलब्ध करवाया जा सके। विद्यालय में बुधवार को लंच के बाद जहाँ सांस्कृतिक कार्यक्रम होता है वहीं प्रत्येक शनिवार को बच्चों के लिए खेल का आयोजन होता है। स्कूल में प्रत्येक महीने की अंतिम तारीख को प्रधान, शिक्षक व अभिभावक की मीटिंग बुलाई जाती है। विद्यालय में बच्चो को खेलने के लिये कबड्डीकोर्ट, बैडमिंटन कोर्ट और खो-खो के मैदान को तैयार किया गया है।

ग्राम प्रधान को साफ-सफाई बहुत प्रिय है और इन्होंने विद्यालय में दो डस्टबिन रखवा दी है। जिससे विद्यालय परिसर स्वच्छ रहे। स्कूल में बच्चों को शुद्ध पेयजल के लिए पानी की टंकी और टोंटी की व्यवस्था करवाई गई है। यहाँ बेहतर शौचालय के साथ हाथ धुलने के लिए वाशबेसिन भी लगवाया गया है। ग्राम प्रधान ने बच्चों को आधुनिक एवं तकनीकी शिक्षा देने के उद्देश्य से यहाँ एक अदद एलईडी टीवी की व्यवस्था करवाई है। इन्होंने कहा की इसके जरिये बच्चों को समग्र शिक्षा प्रदान करने का प्रयास किया जावेगा।

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