Wednesday, 24 October 2018

जर्जर पुल के रिपेयरिंग के लिए मिले थे पैसे | पैसों का हुआ बंदरबांट पूर्व विधायक ने लगाए आरोप | अब तक अधूरा है डुमरिया पुल का कार्य| 31.74 करोड़ भी डुमरिया पुल का जीर्णोद्धार नहीं कर सके | संवा

जर्जर पुल के रिपेयरिंग के लिए मिले थे पैसे |
पैसों का हुआ बंदरबांट  पूर्व विधायक ने लगाए आरोप | अब तक अधूरा है डुमरिया पुल का कार्य|

31.74 करोड़ भी डुमरिया पुल का जीर्णोद्धार नहीं कर सके |

संवाददाता -महमदपुर. रवि रंजन कुमार .महेंद्र/

भारत सरकार ने गोपालगंज एनएचएआई को जारी किए थे गंडक नदी के रिपेयरिंग के लिए 31.74 करोड़ की राशि| ईस्ट एंड वेस्ट कॉरिडोर को जोड़ने वाला गंडक नदी पर स्थित डुमरिया पुल एक साल में ही रिपेयरिंग का कार्य पूरा करने का था, मीआद| लेकिन कई साल बीत गए अब तक गंडक नदी का जर्जर पुल का रिपेयरिंग नहीं हो सका |जिससे आए दिन जाम की समस्या उत्पन्न होती है |रेलिंग टूटे होने की वजह से कब अनहोनी हो जाए किसी को पता नहीं |पूर्व विधायक मनजीत सिंह बिहार सरकार को चिट्ठी लिख  गोपालगंज जिले के बॉर्डर पर स्थित डुमरिया पुल की स्थिति से अवगत कराया| साथ ही उन्होंने जर्जर पुल की मरम्मती के लिए आए पैसों का बंदर बांट हुआ है आरोप लगाते हुए| इसकी जांच मंत्रिमंडल निगरानी विभाग से करने की मांग की है| उन्होंने बताया कि 31.74 करोड़ की राशि मैं  ,एक और गंडक नदी पर नया पुल बन सकता था |लेकिन दुर्भाग्य की बात है| एनएचआई ने पैसा गोपालगंज को डुमरिया एनएच 28 पूल के मरमती के लिए दिया था| लेकिन आज तक पुल की स्थिति जस की तस जर्जर बनी हुई है |गन्ना किसानों से लेकर बड़े और छोटे वाहनों को आने जाने में काफी परेशानी हो रही है| वही पुल के ऊपर दर्जनों ठोकर बने हुए हैं |जिससे छोटी गाड़ियों के पर करने में काफी दिक्कत हो रही है| वही कंपनी आधा अधूरा कार्य कर फरार है| पूर्व विधायक ने बताया कि मुख्यमंत्री के आगमन से पहले जर्जर पुल की मरम्मत के लिए आए पैसे की होगी जांच |और दोसी पदाधिकारियों पर सख्त से सख्त कार्रवाई की जाएगी| उन्होंने बताया कि गोपालगंज जिले की लाइफ लाइन है ,डुमरिया पुल जहां से लोग देश के किसी भी कोने में जा सकते हैं |लेकिन दुर्भाग्य है कि राशि आने के बाद भी पुल का जीर्णोद्धार नहीं हो सका|

एनएच 28 गंडक नदी पर स्थित डुमरिया पुल का     रेलिंग पूरी तरह से जर्जर हो चुका है |ट्रक आने-जाने के भेभरेसं से ही रेलिंग अपने आप टूट कर नदी में गिरते रहता है|

सिधवलिया प्रखंड के पूर्व सीईओ अरविंद प्रताप शाही ने.गोपालगंज डीएम राहुल कुमार को गंडक नदी पर स्थित डुमरिया पुल की जर्जर स्थिति से अवगत करा चुके हैं |उन्होंने 2017 में केंद्रीय टीम के साथ पुल की जांच की थी जिसमें उन्होंने यह कहा था कि पुल स्विंग कर रहा है| खतरे की घंटी के तरफ उन्होंने संकेत दिया था |उसके बाद रिपेयरिंग के लिए गोपालगंज जिले के एनएचआई को मिली थी रासी| लेकिन आज तक उनके रिपोर्ट को नजरअंदाज किया जा रहा है |जिससे कभी भी बड़ी हादसा हो सकती है|

केस नंबर 1
अब तक हो चुके हैं कई हादसे 27 नवंबर 2016 को डुमरिया पुल पर बस और ट्रक ड्राइवर के बीच हुई थी कहासुनी| ट्रक ड्राइवर ने बस ड्राइवर को दिया था धक्का रेलिंग टूटे होने के वजह से पुल के नीचे गिरा बस ड्राइवर| जिससे उसकी मौत हो गई? बस ड्राइवर खजुरिया थाना क्षेत्र के रमपुरवा गांव निवासी संजय सिंह थे|

केस नंबर दो
24 अगस्त 2017 को बाइक सवार व्यक्ति की बाइक गिरी पुल के नीचे |हालांकि युवक बच गया और बाइक गंडक नदी में समा गई |

केस नंबर 3
कार्तिक पूर्णिमा मेले के दिन एक युवती रेलिंग नहीं होने की वजह से पुल से नीचे गिर गई| जिसका नाम श्वेता कुमारी था केसरिया थाना क्षेत्र की थी|

केस नंबर 4 |
30 दिसंबर 2017 को बालू से लदा ट्रक गिरी पुल के नीचे संजोग था की ड्राइवर ने कूदकर बचाई |

केस नंबर 5 |
10 जनवरी 2018 को स्क्रैप लदा कंटेनर पुल से नीचे गिरा दो लोग उसमें घायल हुए थे |

केस नम्बर 6. 11 मई.20018.को डुमरिया पुल पर गाड़ी पलटने से महम्मदपुर निवासी टुन्ना मीया की  मैत.? पॉच घ़य़ल.थे.

और इतनी दुर्घटनाओं के बाद भी नहीं जगी एनएचएआई|